खबरों के खिलाड़ी। यदि आप रामलला के दर्शन के लिए अयोध्या आ रहे हैं तो अपने साथ आधार कार्ड जरूर रख लें। बिना आधार नंबर के श्रीरामजन्मभूमि नी तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट आपका दर्शन पास ना नहीं बनाएगा। जल्द ही दर्शन पास क के लिए आधार नंबर अनिवार्य बना दिया जाएगा। इसकी प्रक्रिया प्रारंभ है और पास का साफ्टवेयर ने अपडेट करके ट्रायल किया जा रहा है। रामजन्मभूमि परिसर के निकट ज रामकचहरी मंदिर स्थित तीर्थ क्षेत्र के ट्रस्ट कार्यालय में तो बुधवार को ही ने इसे लागू कर दिया गया है। तीर्थ सेवा ने केंद्र पर भी यह निर्देश पहुंच गया है। दूरदराज से आए भक्तों को निराशा न हाथ लगी क्योंकि वे सुगम पास के लिए परेशान थे।
अभी तक पास के लिए समूह के एक भक्त का आधार नंबर व अन्य का नाम, उम्र व एक मोबाइल नंबर की जरूरत होती थी। जब पास बन जाता था, तो दिए मोबाइल नंबर पर पास बनने का मैसेज (लिंक) था। इसे दिखाकर काउंटर से पास लेकर वीआइपी रास्ते से जाकर रामलला का दर्शन भक्त करते थे। विशिष्ट पास भी इसी तरह बनता रहा। अब तक रामलला की आरती के लिए तो प्रत्येक चार दर्शनार्थियों पर एक आधार कार्ड की जरूरत होती थी। पर अब इन सब में भी समूह के प्रत्येक दर्शनार्थियों को आधार नंबर देना होगा, तभी पास हो सकेंगे। रामलला के दर्शन के लिए प्रतिदिन छह स्लाट नियत हैं। सुबह सात से नौ, नौ से 11 व दोपहर एक से तीन बजे, तीन से पांच, शाम पांच से सात और सात से शि रात्रि नौ बजे तक दर्शन की सुविधा है। हर स्लाट में छह सौ सुगम व 50 विशिष्ट पास बनाए जाते हैं। विशिष्ट पास ट्रस्टियों के अनुमोदन के बाद बनते हैं, जबकि सुगम पास को काउंटर से भी बन जाते हैं।
बात दे कि मंदिर व्यवस्था के प्रमुख गोपाल राव ने बताया कि दर्शन में आधार नंबर को में अनिवार्य बना दिया जाएगा, जिससे धा प्रत्येक दर्शनार्थी का ब्योरा संचित दिन रहे। कोशिश की जा रही है कि दर्शन जा पास में आधार नंबर अनिवार्य रूप ने से लागू हो। काउंटरों पर दर्शन या आरती पास बनवाने के लिए एक तो फार्म भी भेजा जा चुका है। इस प्रपत्र में सभी दर्शनार्थियों के नाम, उम्र व आधार नंबर अंकित करने होंगे। सा कि की कि तर उन पह है। की