
Chandauli News: चंदौली जिले के कलेक्ट्रेट सभागार में मंगलवार को जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग की अध्यक्षता में जिला स्वच्छ भारत मिशन एवं ग्रामीण विकास विभाग की समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में योजनाओं की प्रगति, गुणवत्ता, पारदर्शिता और जवाबदेही जैसे अहम मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने साफ शब्दों में कहा कि लापरवाही और शिथिलता किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
पंचायत भवनों को 24×7 चालू रखने का निर्देश
जिलाधिकारी ने जिले के सभी पंचायत भवनों के संचालन को लेकर सख्त रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि हर पंचायत भवन अनिवार्य रूप से खुला रहना चाहिए और पंचायत सहायक की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित की जाए। यदि कहीं से पंचायत भवन बंद होने या सहायक की अनुपस्थिति की शिकायत मिलती है, तो संबंधित खंड विकास अधिकारी (BDO) और जिला पंचायत राज अधिकारी (DPRO) को सीधे जिम्मेदार ठहराया जाएगा।
चकिया और चहनियां की कार्यप्रणाली पर फूटा DM का गुस्सा
बैठक के दौरान जब सहज जन सेवा केंद्रों के संचालन की समीक्षा की गई तो चकिया और चहनियां विकासखंड का प्रदर्शन बेहद खराब पाया गया। इस पर डीएम ने संबंधित बीडीओ और एडीओ पंचायत को तत्काल चेतावनी पत्र जारी करने के निर्देश दिए और कहा कि संचालन में आ रही सभी खामियों को एक सप्ताह के भीतर दूर करें, अन्यथा कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई तय है।
प्लास्टिक प्रबंधन और शौचालय निर्माण पर विशेष बल
जिलाधिकारी ने ग्राम स्तर पर प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन को प्रभावी ढंग से लागू करने और ठोस कचरा निस्तारण की कार्य योजना को तेजी से अमल में लाने का निर्देश दिया। उन्होंने शौचालय निर्माण में गुणवत्ता को प्राथमिकता देते हुए कहा कि निर्माण ऐसा हो जो टिकाऊ हो और ग्रामीणों को इसके नियमित उपयोग के लिए प्रेरित करे।
योजनाओं की जानकारी में लापरवाही
ODF Plus योजना की समीक्षा के दौरान अधिकांश अधिकारियों की योजना संबंधी जानकारी बेहद कमजोर पाई गई। जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी जताते हुए कहा, “जब आपको यह ही नहीं पता कि योजना में क्या करना है, तो फिर कार्यान्वयन कैसे करेंगे?” केवल एडीओ पंचायत बजरंगी पांडेय द्वारा कुछ हद तक संतोषजनक उत्तर दिए गए, जिन्हें जिलाधिकारी ने आंशिक रूप से सराहा।
मुख्य विकास अधिकारी आर. जगत साईं ने बैठक के दौरान सभी अधिकारियों से योजनाओं को पारदर्शी, समयबद्ध और प्रभावी ढंग से लागू करने की अपील की। उन्होंने कहा कि ग्रामीण विकास की योजनाएं तभी सार्थक होंगी, जब उनका लाभ पूरी ईमानदारी से पात्र व्यक्तियों तक पहुंचे।
अगली बैठक में बिना तैयारी पहुंचे तो होगी कार्रवाई
जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने अंत में सभी अधिकारियों को चेतावनी दी कि अगली समीक्षा बैठक में पूरी तैयारी के साथ आएं। उन्होंने दो टूक कहा, अब कोई भी लापरवाही या बहाना नहीं चलेगा। जो अधिकारी जिम्मेदारी नहीं निभाएंगे, उनके खिलाफ कठोर कदम उठाए जाएंगे।
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