
Chandauli News: शहर में आवारा कुत्तों की समस्या अब जानलेवा साबित हो रही है। आए दिन इन कुत्तों के कारण सड़क हादसे और लोगों पर हमले की घटनाएं सामने आ रही हैं। बुधवार को मटकुट्टा ओवरब्रिज पर हुई एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे गांव को गमगीन कर दिया। इस हादसे में बसनी गांव का रहने वाला 22 वर्षीय दीपक कुमार, जो एक होनहार छात्र था, आवारा कुत्ते से बचने के प्रयास में असमय काल के गाल में समा गया।
कैसे हुआ हादसा?
दीपक कुमार, पिता यमुना प्रसाद का बड़ा बेटा था और पटपरा स्थित फार्मेसी संस्थान में डी-फार्मा की पढ़ाई कर रहा था। बुधवार को वह अपने साथी सतीश कुमार के साथ बाइक से जा रहा था। जैसे ही दोनों मटकुट्टा ओवरब्रिज पर पहुंचे, अचानक एक आवारा कुत्ता सामने आ गया। कुत्ते से बचने के प्रयास में बाइक अनियंत्रित हो गई और रेलिंग से टकराकर दीपक नीचे गिर पड़ा। गहरी चोट लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद साथी सतीश ने तत्काल पुलिस और परिजनों को सूचना दी।
परिवार और गांव में मातम
दीपक की मौत की खबर सुनते ही पूरे परिवार में कोहराम मच गया। मां पूनम देवी अपने बेटे का शव देखकर बार-बार बेहोश हो जा रही थीं। पिता यमुना प्रसाद, जो चंदौली में परचून की दुकान चलाकर परिवार का भरण-पोषण करते हैं, अपने तीन बेटों और एक बेटी की पढ़ाई में मेहनत से जुटे थे। दीपक सबसे बड़ा और परिवार का सहारा था।
गांव के लोग दीपक के सरल स्वभाव और पढ़ाई में होनहार होने की तारीफ करते थे। रिश्तेदार और ग्रामीणों ने बताया कि दीपक हमेशा हर किसी के सुख-दुख में खड़ा रहता था। उसकी असमय मौत ने पूरे गांव को गहरे सदमे में डाल दिया है।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह मामला आवारा कुत्तों की वजह से हुआ हादसा है। वहीं, ग्रामीणों ने बिजली विभाग और नगर निकाय पर लापरवाही का आरोप लगाया और मांग की कि आवारा कुत्तों पर तत्काल रोक लगाने के लिए सख्त कदम उठाए जाएं।
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