
Varanasi News: सरायमोहना इलाके में शनिवार देर रात वाराणसी पुलिस और कुख्यात गैंगस्टर अरविंद उर्फ फौजी उर्फ कल्लू यादव के बीच मुठभेड़ हो गई। पुख्ता सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने इलाके में घेराबंदी की थी। इसी दौरान बाइक से गुजर रहे दो संदिग्धों को रोकने की कोशिश की गई, लेकिन खुद को घिरा देख गैंगस्टर अरविंद ने पुलिस पर पिस्टल से फायरिंग शुरू कर दी।
पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसमें अरविंद गोली लगने से गिर पड़ा, जबकि उसका साथी बाइक लेकर मौके से फरार हो गया। घायल बदमाश को पुलिस ने तत्काल कब्जे में लेकर उपचार के लिए भेजा। पुलिस उपायुक्त ने बताया कि अरविंद के पास से 9 एमएम की दो पिस्टल, कारतूस और 750 रुपये नकद बरामद किए गए हैं।
गिरफ्तार गैंगस्टर अरविंद उर्फ फौजी उर्फ कल्लू यादव के खिलाफ पहले से ही हत्या और जानलेवा हमले समेत कई संगीन मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि वह असम में फौजी के रूप में तैनात रह चुका है। मुठभेड़ में सारनाथ थानाध्यक्ष पंकज त्रिपाठी, एसओजी प्रभारी गौरव सिंह, चौकी इंचार्ज राहुल यादव और सरायमोहना चौकी प्रभारी अनुज शुक्ला समेत कई अधिकारी शामिल रहे।
कॉलोनाइजर हत्याकांड का मुख्य आरोपी
अरविंद यादव का नाम 21 अगस्त को सारनाथ थाना क्षेत्र के सिंहपुर-अरिहंत नगर कॉलोनी में हुए चर्चित हत्याकांड में सामने आया था। उस दिन बाइक सवार तीन बदमाशों ने कॉलोनाइजर महेंद्र गौतम की गोली मारकर हत्या कर दी थी। घटना के सात दिन बाद पुलिस ने 28 कॉल डिटेल के आधार पर जांच करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया था।
पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि गाजीपुर के कॉलोनाइजर जोगेंद्र यादव ने हत्या की साजिश रची थी और अपने साथियों अरविंद यादव, बनारसी यादव और विशाल के जरिए वारदात को अंजाम दिलवाया गया। विशाल बाइक चला रहा था, जबकि अरविंद और बनारसी ने फायरिंग की थी। हालांकि, इस मामले में बनारसी यादव अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है।
पुलिस का कहना है कि फरार आरोपी की तलाश में दबिश तेज कर दी गई है और गैंग से जुड़े अन्य लोगों की भी कुंडली खंगाली जा रही है।
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