
Chandauli News: चंदौली में अपराध और गोवंश तस्करी पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए चंदौली पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस अधीक्षक ने विभिन्न गंभीर आपराधिक मामलों में लंबे समय से फरार चल रहे 10 वांछित अपराधियों की गिरफ्तारी पर प्रति आरोपी 25-25 हजार रुपये का नकद इनाम घोषित किया है। इन सभी आरोपियों की तलाश तेज कर दी गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए SWAT टीम, सर्विलांस टीम तथा संबंधित थाना पुलिस को विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस के अनुसार, ये सभी आरोपी लंबे समय से गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार अपने ठिकाने बदल रहे थे। अब इन पर इनाम घोषित होने के बाद जिले की खुफिया इकाइयों को भी सक्रिय कर दिया गया है, ताकि जल्द से जल्द इन्हें गिरफ्तार कर कानून के दायरे में लाया जा सके।
गोवध और पशु क्रूरता से जुड़े मामलों में वांछित हैं अधिकांश आरोपी
पुलिस विभाग की जानकारी के अनुसार, इनाम घोषित किए गए अधिकांश आरोपी गोवध निवारण अधिनियम और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत दर्ज मामलों में वांछित हैं। वहीं कुछ आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की गंभीर धाराओं के तहत भी मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस का कहना है कि जिले में गोवंश तस्करी और संगठित अपराध के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा।
सैयदराजा थाना क्षेत्र के छह आरोपियों पर इनाम
इनाम घोषित किए गए छह आरोपी सैयदराजा थाना क्षेत्र से संबंधित हैं। इनमें शहजाद अली (प्रतापगढ़), दिलशाद (प्रयागराज) और सलमान (प्रयागराज) के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 310(2), 317(3), 317(5) और 61(2) के तहत मुकदमे दर्ज हैं।
इसके अलावा राजू विश्वकर्मा (वाराणसी), जयदेवी (भदोही) और रमेश मौर्या (पूर्वी दिल्ली) गोवध निवारण अधिनियम एवं पशु क्रूरता निवारण अधिनियम से जुड़े मामलों में वांछित हैं। इन सभी की गिरफ्तारी पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है।
चंदौली सदर थाना क्षेत्र के चार और आरोपी भी इनामी
चंदौली सदर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले चार अन्य आरोपियों पर भी समान राशि का इनाम घोषित किया गया है। इनमें वाहन चालक श्याम सुंदर यादव (जौनपुर), वाहन स्वामी रंजीत कुमार (कौशाम्बी), पशुपति नाथ (ओबरा, चंदौली) तथा रविन्द्र कुमार राम (कैमूर, बिहार) शामिल हैं। इन सभी के खिलाफ गोवध निवारण अधिनियम और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत मुकदमे दर्ज हैं।
संभावित ठिकानों पर होगी ताबड़तोड़ दबिश
इनाम घोषित होने के बाद पुलिस ने सभी आरोपियों के संभावित ठिकानों की जानकारी जुटानी शुरू कर दी है। जिले की SWAT, सर्विलांस और स्थानीय पुलिस टीमें लगातार दबिश की रणनीति पर काम कर रही हैं। जरूरत पड़ने पर पड़ोसी जिलों और राज्यों की पुलिस से भी समन्वय स्थापित किया जाएगा।
SP का स्पष्ट संदेश- अपराधियों को किसी कीमत पर नहीं मिलेगी राहत
पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया है कि जिले में किसी भी प्रकार की गोवंश तस्करी, संगठित अपराध और कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई जारी रहेगी। फरार आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी पुलिस की प्राथमिकता है और उन्हें हर हाल में न्यायालय के समक्ष पेश किया जाएगा।