
Chandauli News: आगामी मानसून को देखते हुए गंगा नदी के तटों पर हो रहे कटान को लेकर प्रशासन सक्रिय हो गया है। इसी क्रम में मंगलवार को मुख्य विकास अधिकारी (CDO) राल्लपल्ली जगत साँई ने गुरैनी पंप कैनाल क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण कर गंगा तट की स्थिति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को संभावित कटान से बचाव के लिए सभी आवश्यक कार्य समय रहते पूरा करने के निर्देश दिए।
गंगा तट पर कटान की स्थिति का लिया जायजा
निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी ने गंगा नदी के किनारे हो रहे कटान का विस्तार से अवलोकन किया। उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों से वर्तमान स्थिति की जानकारी ली और कटान प्रभावित क्षेत्रों में किए जा रहे कार्यों की प्रगति की समीक्षा की।
सीडीओ ने कहा कि मानसून के दौरान जलस्तर बढ़ने के साथ कटान की समस्या गंभीर रूप ले सकती है। ऐसे में सभी विभाग समन्वय बनाकर समय रहते आवश्यक सुरक्षात्मक उपाय सुनिश्चित करें, ताकि ग्रामीणों और किसानों को किसी प्रकार की क्षति का सामना न करना पड़े।
अधिकारियों को दिए त्वरित कार्रवाई के निर्देश
निरीक्षण के समय अधिशासी अभियंता बंधी प्रखंड तथा अधिशासी अभियंता लघु डाल मौजूद रहे। स्थानीय किसान मुन्ना सिंह और दीनानाथ श्रीवास्तव ने भी गंगा कटान से जुड़ी समस्याओं को अधिकारियों के सामने रखा।
मुख्य विकास अधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि मानसून शुरू होने से पहले सभी आवश्यक मरम्मत और सुरक्षा कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता पर पूरा किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
गंगा तट संरक्षण के लिए तैयार होगी विस्तृत योजना
निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी ने अधिशासी अभियंता बंधी प्रखंड को गंगा तट के स्थायी संरक्षण के लिए विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (DPR) तैयार करने का निर्देश दिया।
उन्होंने कहा कि केवल अस्थायी उपायों से समस्या का समाधान संभव नहीं है। भविष्य में कटान से होने वाले नुकसान को रोकने के लिए वैज्ञानिक और दीर्घकालिक योजना तैयार की जानी चाहिए। इसके लिए विस्तृत डीपीआर बनाकर शीघ्र शासन को भेजने के निर्देश दिए गए।
किसानों को मिलेगी राहत
स्थानीय किसानों का कहना है कि हर वर्ष मानसून के दौरान गंगा कटान के कारण कृषि भूमि को नुकसान पहुंचता है। प्रशासन की ओर से समय रहते की जा रही तैयारियों से किसानों को राहत मिलने की उम्मीद है।
मुख्य विकास अधिकारी ने आश्वासन दिया कि गंगा तट संरक्षण और कटान रोकने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे, जिससे क्षेत्र के किसानों और ग्रामीणों की भूमि व संपत्ति सुरक्षित रह सके।
मानसून से पहले बढ़ी प्रशासनिक सक्रियता
मानसून नजदीक आने के साथ जिले में विभिन्न संवेदनशील क्षेत्रों का निरीक्षण अभियान तेज कर दिया गया है। प्रशासन का उद्देश्य संभावित आपदाओं से पहले तैयारी सुनिश्चित करना और जोखिम वाले क्षेत्रों में प्रभावी सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराना है।
गुरैनी पंप कैनाल और गंगा तट का यह निरीक्षण भी इसी तैयारी का हिस्सा माना जा रहा है।