
CM Yogi Invites Investors: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने देश-विदेश के निवेशकों को राज्य में निवेश के लिए आमंत्रित करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश आज देश का सबसे तेज़ी से उभरता निवेश केंद्र बन चुका है। 75,000 एकड़ के विशाल भूमि बैंक, 36 सेक्टर आधारित निवेश नीतियों, वन-स्टॉप क्लियरेंस सिस्टम और समय पर मिलने वाले सरकारी प्रोत्साहनों के साथ प्रदेश निवेशकों के लिए नई संभावनाओं का द्वार खोल रहा है।
मुख्यमंत्री ने गौतम बुद्ध नगर के जेवर में अंबर ग्रुप और दक्षिण कोरिया की एसेंट-के सर्किट्स के इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग प्लांट की आधारशिला रखने के दौरान कहा कि बीते कुछ वर्षों में उत्तर प्रदेश ने कानून-व्यवस्था, आधारभूत संरचना और औद्योगिक माहौल में ऐतिहासिक बदलाव किए हैं, जिसकी बदौलत राज्य आज वैश्विक निवेशकों की पहली पसंद बनता जा रहा है।
75,000 एकड़ के भूमि बैंक के साथ निवेशकों का स्वागत
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि एक समय पश्चिमी उत्तर प्रदेश का जेवर क्षेत्र पहचान के संकट से जूझ रहा था, लेकिन आज वही इलाका औद्योगिक विकास का नया केंद्र बन रहा है। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था में सुधार और बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर के कारण उत्तर प्रदेश अब 75,000 एकड़ के भूमि बैंक के साथ देश-दुनिया के निवेशकों का स्वागत कर रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने अलग-अलग उद्योगों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए 36 सेक्टर आधारित नीतियां लागू की हैं, जिससे निवेशकों को अपनी परियोजनाओं के लिए उपयुक्त माहौल और सरकारी सहयोग दोनों मिल रहे हैं।
बिना मानवीय दखल के शुरू हो सकेंगे प्रोजेक्ट
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने ऐसी व्यवस्था विकसित की है, जहां निवेशक बिना किसी अनावश्यक मानवीय हस्तक्षेप के अपनी परियोजनाएं शुरू कर सकते हैं। सभी आवश्यक अनुमतियां एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है, जिससे निवेश प्रक्रिया तेज और पारदर्शी बनी है।
उन्होंने कहा कि अंबर ग्रुप और एसेंट-के सर्किट्स द्वारा 6,045 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश प्रदेश में इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण क्षेत्र को नई ऊंचाई देगा। इससे न केवल बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे, बल्कि भविष्य में अन्य कंपनियों को भी उत्तर प्रदेश में निवेश के लिए प्रोत्साहन मिलेगा।
भारत को वैश्विक इलेक्ट्रॉनिक्स हब बनाने की दिशा में बड़ा कदम
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस विजन का उल्लेख किया, जिसके तहत भारत को वैश्विक इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने का लक्ष्य तय किया गया है। उन्होंने इस परियोजना को गति देने में सहयोग के लिए केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव और केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव का आभार भी व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य उन उत्पादों का निर्माण भारत में करना है, जिन्हें अभी तक विदेशों से आयात किया जाता है। आने वाले वर्षों में भारत इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के निर्माण और निर्यात का प्रमुख वैश्विक केंद्र बनेगा।
एमएसएमई के क्षेत्र में भी उत्तर प्रदेश सबसे आगे
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश पहले ही देश का सबसे बड़ा एमएसएमई केंद्र बन चुका है। प्रदेश में 96 लाख से अधिक पंजीकृत सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (MSME) संचालित हो रहे हैं, जो लाखों लोगों को रोजगार उपलब्ध करा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि बड़े उद्योगों के साथ-साथ एमएसएमई सेक्टर को भी लगातार मजबूत किया जा रहा है, ताकि प्रदेश की अर्थव्यवस्था को और गति मिल सके।
निवेशकों के लिए सरकार का स्पष्ट संदेश
मुख्यमंत्री ने निवेशकों से कहा कि उत्तर प्रदेश में सुरक्षित वातावरण, मजबूत आधारभूत सुविधाएं, उद्योगों के अनुकूल नीतियां और तेज़ प्रशासनिक व्यवस्था उपलब्ध है। ऐसे में जो कंपनियां भविष्य की संभावनाओं के साथ आगे बढ़ना चाहती हैं, उनके लिए उत्तर प्रदेश सबसे उपयुक्त निवेश गंतव्य साबित हो सकता है।
उन्होंने भरोसा दिलाया कि प्रदेश सरकार हर निवेशक को समयबद्ध मंजूरी, नीति आधारित सहयोग और उद्योगों के विकास के लिए हरसंभव सहायता उपलब्ध कराएगी।