
LPG New Rules 2026: घरेलू एलपीजी (LPG) गैस सिलेंडर इस्तेमाल करने वाले करोड़ों उपभोक्ताओं के लिए सरकार ने कई महत्वपूर्ण बदलाव लागू किए हैं। अब 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू गैस सिलेंडर की डिलीवरी पहले जैसी नहीं होगी। सिलेंडर प्राप्त करने के लिए रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर भेजे गए OTP का सत्यापन अनिवार्य होगा। वहीं, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों के लिए e-KYC भी जरूरी कर दी गई है। नए नियमों का उद्देश्य गैस वितरण प्रणाली को अधिक पारदर्शी बनाना, फर्जी डिलीवरी और कालाबाजारी पर रोक लगाना तथा पात्र लाभार्थियों तक योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करना है।
अब OTP बताए बिना नहीं मिलेगा गैस सिलेंडर
नए नियमों के तहत गैस सिलेंडर बुक होने के बाद उपभोक्ता के रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर एक वन टाइम पासवर्ड (OTP) भेजा जाएगा। डिलीवरी एजेंट जब सिलेंडर लेकर घर पहुंचेगा, तब उपभोक्ता को वही OTP बताना होगा। OTP का सत्यापन होने के बाद ही सिलेंडर की डिलीवरी की जाएगी।
सरकार का मानना है कि इस व्यवस्था से फर्जी डिलीवरी, अवैध बिक्री और गैस सिलेंडरों की जमाखोरी पर प्रभावी रोक लगेगी।
उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों के लिए e-KYC अनिवार्य
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत गैस सब्सिडी प्राप्त करने वाले उपभोक्ताओं को 30 जून 2026 तक आधार आधारित बायोमेट्रिक e-KYC कराना अनिवार्य कर दिया गया है।
यदि निर्धारित समय सीमा तक e-KYC नहीं कराया गया, तो गैस सब्सिडी रोकी जा सकती है। लंबे समय तक सत्यापन नहीं कराने वाले गैस कनेक्शनों को ब्लॉक किए जाने की भी संभावना है।
सब्सिडी वाले सिलेंडरों की संख्या भी घटी
सरकार ने उज्ज्वला योजना के तहत मिलने वाली सब्सिडी में भी बदलाव किया है। पहले लाभार्थियों को साल में 9 गैस सिलेंडरों पर 300 रुपये प्रति सिलेंडर की सब्सिडी मिलती थी। अब जून 2026 से यह लाभ घटाकर सिर्फ 4 सिलेंडरों तक सीमित कर दिया गया है।
सब्सिडी की राशि सीधे e-KYC से जुड़े बैंक खाते में भेजी जाएगी।
ऐसे पूरा करें e-KYC
e-KYC की प्रक्रिया ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से पूरी की जा सकती है।
मोबाइल ऐप के जरिए उपभोक्ता अपनी गैस कंपनी का आधिकारिक ऐप डाउनलोड कर रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर से लॉगिन करें। इसके बाद e-KYC या Link Aadhaar विकल्प चुनकर आधार नंबर दर्ज करें, OTP सत्यापित करें और UIDAI के FaceRD ऐप के माध्यम से फेस ऑथेंटिकेशन पूरा करें। प्रक्रिया पूरी होने पर SMS के जरिए पुष्टि मिल जाएगी।
यदि कोई उपभोक्ता गैस एजेंसी जाकर e-KYC कराना चाहता है, तो उसे आधार कार्ड, गैस पासबुक और रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर साथ लेकर जाना होगा। एजेंसी कर्मचारी बायोमेट्रिक सत्यापन के जरिए e-KYC अपडेट कर देंगे।
PNG कनेक्शन वालों के लिए भी नया नियम
सरकार ने पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) उपभोक्ताओं के लिए भी नया नियम लागू किया है।
जिन घरों में PNG कनेक्शन उपलब्ध हो चुका है, उन्हें LPG गैस सिलेंडर एजेंसी में वापस जमा करना होगा। PNG कनेक्शन मिलने के 30 दिनों के भीतर सिलेंडर लौटाना अनिवार्य होगा।
सिलेंडर जमा करने पर उपभोक्ता को ट्रांसफर वाउचर मिलेगा, जिसकी मदद से भविष्य में आवश्यकता पड़ने पर दोबारा LPG कनेक्शन लिया जा सकेगा।
गैस एजेंसी समस्या करे तो कहां करें शिकायत?
यदि गैस एजेंसी सिलेंडर देने में देरी करती है, डिलीवरी से इनकार करती है या किसी अन्य प्रकार की परेशानी होती है, तो उपभोक्ता LPG हेल्पलाइन 1800-233-3555 पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
इसके अलावा संबंधित गैस कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट और मोबाइल ऐप के माध्यम से भी शिकायत दर्ज करने की सुविधा उपलब्ध है।
गैस दुर्घटना पर मिलेगा 50 लाख रुपये तक का बीमा
सरकार ने उपभोक्ताओं को सुरक्षा कवच भी दिया है। यदि गैस सिलेंडर से किसी प्रकार की दुर्घटना या विस्फोट होता है, तो पात्र उपभोक्ता 50 लाख रुपये तक के दुर्घटना बीमा के हकदार हो सकते हैं।
हालांकि इसके लिए गैस चूल्हा, रेगुलेटर और पाइप ISI मार्क वाले होने चाहिए तथा गैस कनेक्शन संबंधित एजेंसी में विधिवत पंजीकृत होना जरूरी है।
क्यों लागू किए गए ये नए नियम?
सरकार का कहना है कि इन बदलावों का मुख्य उद्देश्य गैस वितरण प्रणाली को अधिक सुरक्षित, पारदर्शी और जवाबदेह बनाना है। OTP आधारित डिलीवरी से फर्जीवाड़े पर रोक लगेगी, e-KYC से वास्तविक लाभार्थियों की पहचान सुनिश्चित होगी और सब्सिडी सीधे पात्र उपभोक्ताओं तक पहुंचेगी।
ऐसे में घरेलू गैस सिलेंडर इस्तेमाल करने वाले सभी उपभोक्ताओं के लिए इन नए नियमों की जानकारी रखना और समय रहते जरूरी औपचारिकताएं पूरी करना बेहद जरूरी हो गया है।