
UP CM Panchayat Award 2026: उत्तर प्रदेश सरकार ने पंचायत सशक्तिकरण को नई दिशा देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री पंचायत प्रोत्साहन पुरस्कार योजना 2026-27 के तहत उत्कृष्ट कार्य करने वाली ग्राम पंचायतों के चयन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने जिले के सभी खंड विकास अधिकारियों और सहायक विकास अधिकारियों (पंचायत) को निर्देश जारी करते हुए तय समयसीमा के भीतर पात्र ग्राम पंचायतों से ऑनलाइन आवेदन कराने को कहा है। योजना के तहत वर्ष 2025-26 में उत्कृष्ट कार्य करने वाली ग्राम पंचायतों को वर्ष 2026-27 में सम्मानित किया जाएगा।
15 जुलाई से शुरू होगी आवेदन प्रक्रिया
मुख्यमंत्री पंचायत प्रोत्साहन पुरस्कार योजना के लिए ग्राम पंचायतों को 15 जुलाई से 16 अगस्त 2026 तक सीएम अवार्ड पोर्टल (cmaward.upprd.in) पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन ग्राम पंचायत के लॉगिन आईडी और पासवर्ड के माध्यम से किया जाएगा। आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन होगी और निर्धारित समय सीमा के बाद किसी भी आवेदन पर विचार नहीं किया जाएगा।
दो चरणों में होगी आवेदन प्रक्रिया
योजना के तहत आवेदन दो चरणों में होगा। पहले चरण में ग्राम पंचायतों को बेसिक प्रश्नावली भरनी होगी। इसमें सफल होने के बाद ही पंचायतें मुख्य आवेदन पत्र में प्रवेश कर सकेंगी। मुख्य आवेदन में पंचायतों के कार्यों का मूल्यांकन 9 प्रमुख विषयों और 100 अंकों की प्रश्नावली के आधार पर किया जाएगा। ग्राम पंचायतों को अपने दावों के समर्थन में संबंधित दस्तावेज भी पोर्टल पर अपलोड करने होंगे।
जिले से चुनी जाएंगी सर्वश्रेष्ठ 5 ग्राम पंचायतें
ऑनलाइन आवेदन प्राप्त होने के बाद जिलाधिकारी की अध्यक्षता वाली जनपद परफॉर्मेंस असेसमेंट समिति (DPAC) आवेदन पत्रों का परीक्षण करेगी। इसके बाद चयनित पंचायतों का स्थलीय सत्यापन कराया जाएगा। सत्यापन के उपरांत प्रत्येक जिले से सर्वाधिक अंक प्राप्त करने वाली 5 ग्राम पंचायतों का चयन कर उनकी संस्तुति राज्य स्तरीय समिति को भेजी जाएगी।
हर ब्लॉक से आवेदन अनिवार्य
सरकार ने निर्देश दिया है कि प्रत्येक विकासखंड की कम से कम 15 प्रतिशत ग्राम पंचायतों द्वारा इस योजना में आवेदन किया जाना अनिवार्य होगा। वहीं किसी एक विकासखंड से अधिकतम दो ग्राम पंचायतों को ही अंतिम रूप से राज्य स्तर पर भेजा जा सकेगा। पुरस्कार के लिए पात्र बनने हेतु ग्राम पंचायतों को कम से कम 45 प्रतिशत अंक प्राप्त करना अनिवार्य होगा।
दो बार पुरस्कार जीत चुकी पंचायतों के लिए भी व्यवस्था
योजना के तहत पहले से दो बार पुरस्कृत हो चुकी ग्राम पंचायतें भी इस वर्ष आवेदन कर सकेंगी। यदि वे दोबारा चयनित होती हैं तो उन्हें प्रशंसा पुरस्कार (केवल प्रमाण पत्र) दिया जाएगा। ऐसी पंचायतें पांच वर्ष बाद पुनः पुरस्कार राशि प्राप्त करने की पात्र होंगी।
375 ग्राम पंचायतों का होगा राज्य स्तर पर चयन
राज्य स्तर पर राज्य परफॉर्मेंस असेसमेंट समिति (SPAC) सभी जिलों से प्राप्त प्रस्तावों का मूल्यांकन करेगी। प्राप्त अंकों के आधार पर पूरे प्रदेश की 375 ग्राम पंचायतों की सूची तैयार की जाएगी। उपलब्ध बजट के अनुसार पुरस्कार राशि और सम्मानित की जाने वाली पंचायतों की अंतिम संख्या तय की जाएगी।
सीधे पंचायतों के खाते में भेजी जाएगी पुरस्कार राशि
योजना के तहत चयनित ग्राम पंचायतों को पुरस्कार राशि सीधे उनके बैंक खाते में ऑनलाइन हस्तांतरित की जाएगी। पुरस्कार वितरण समारोह में मुख्यमंत्री और अन्य वरिष्ठ जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में पंचायतों को सम्मानित किया जाएगा।
बजट और समयसीमा भी तय
सरकार ने इस योजना के लिए 9,000 लाख रुपये के बजट का प्रावधान किया है। पुरस्कार वितरण और प्रशासनिक व्यय इसी राशि से किए जाएंगे। शासन का लक्ष्य है कि चयन से लेकर पुरस्कार वितरण तक की पूरी प्रक्रिया नवंबर 2026 तक पूरी कर ली जाए।
जिलाधिकारी ने दिए आवश्यक निर्देश
जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया है कि ग्राम पंचायतों को योजना की जानकारी देकर अधिक से अधिक पात्र पंचायतों से समय पर आवेदन कराया जाए। उन्होंने कहा कि पंचायतों के उत्कृष्ट कार्यों को पहचान दिलाने और ग्रामीण विकास को प्रोत्साहित करने के लिए यह योजना महत्वपूर्ण साबित होगी। विस्तृत जानकारी संबंधित खंड विकास अधिकारी या सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) कार्यालय से प्राप्त की जा सकती है।