
Chandauli News: केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर जिलेभर में चल रहे सात दिवसीय विशेष जनसंपर्क एवं स्वच्छता अभियान के तहत शनिवार को व्यापक स्तर पर स्वच्छता और प्लास्टिक मुक्त अभियान चलाया गया। जनपद की सभी 457 ग्राम पंचायतों में एक साथ सफाई अभियान संचालित किया गया, जिसमें कर्मचारियों, जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। अभियान के दौरान एक ही दिन में 764 किलोग्राम प्लास्टिक कचरा एकत्र कर उसके सुरक्षित निस्तारण की व्यवस्था की गई।
मलिन बस्तियों को बनाया गया अभियान का केंद्र
08 जून से 14 जून तक चल रहे विशेष कार्यक्रम के तहत शनिवार को ग्राम पंचायतों की मलिन बस्तियों और सार्वजनिक स्थलों पर विशेष ध्यान दिया गया। सुबह से ही सफाईकर्मी, स्थानीय प्रतिनिधि और ग्रामीण सड़कों, गलियों तथा सार्वजनिक स्थानों की सफाई में जुट गए। अभियान का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता के प्रति जनजागरूकता बढ़ाना और प्लास्टिक कचरे के दुष्प्रभावों से लोगों को अवगत कराना रहा।
1206 कर्मियों ने निभाई सक्रिय भूमिका
स्वच्छता और प्लास्टिक संग्रहण अभियान को सफल बनाने में कुल 1206 कर्मचारियों ने भागीदारी की। इनमें 335 महिला कर्मी और 871 पुरुष कर्मी शामिल रहे। सभी ने सामूहिक श्रमदान करते हुए नालियों, गलियों, सार्वजनिक स्थलों और मलिन बस्तियों की सफाई सुनिश्चित की।
एक दिन में जुटाया गया 764 किलो प्लास्टिक कचरा
पर्यावरण संरक्षण को प्राथमिकता देते हुए अभियान के दौरान सिंगल-यूज प्लास्टिक और अन्य प्लास्टिक अपशिष्ट के संग्रहण पर विशेष जोर दिया गया। कर्मचारियों और ग्रामीणों के संयुक्त प्रयास से एक ही दिन में 764 किलोग्राम प्लास्टिक कचरा एकत्र किया गया। इसके बाद पूरे कचरे को सुरक्षित तरीके से निस्तारण के लिए भेजा गया, ताकि पर्यावरण पर इसका प्रतिकूल प्रभाव न पड़े।
स्वच्छता को जन आंदोलन बनाने की पहल
अधिकारियों ने कहा कि यह केवल एक सप्ताह का कार्यक्रम नहीं, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता को जन आंदोलन और जीवनशैली का हिस्सा बनाने की पहल है। केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के अवसर पर गांवों को स्वच्छ, सुंदर और प्लास्टिक मुक्त बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
अंतिम दिन भी होंगे जागरूकता कार्यक्रम
प्रशासन के अनुसार 14 जून को इस सात दिवसीय अभियान का समापन होगा। अंतिम दिन भी विभिन्न ग्राम पंचायतों में जनजागरूकता कार्यक्रम, स्वच्छता गतिविधियां और जनसंपर्क अभियान आयोजित किए जाएंगे, ताकि स्वच्छता के प्रति लोगों की सहभागिता लगातार बनी रहे।
जिले में चलाया गया यह विशेष अभियान न केवल स्वच्छता के प्रति लोगों को जागरूक करने में सफल रहा, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और प्लास्टिक मुक्त समाज की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।